तीर्थनगरी ऋषिकेश में शनिवार को मानवता और सेवा का अद्भुत संगम देखने को मिला। लाची फाउंडेशन के तत्वावधान में दुर्गा मंदिर, मालवीय नगर में “Blood Donor Appreciation Ceremony 2026” का आयोजन किया गया, जिसमें देश के कोने-कोने से आए रक्तवीरों का सम्मान किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल महापौर शंभू पासवान ने रक्तदान के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले रक्तवीरों को सम्मानित किया। कहा कि रक्तदान एक महादान है। कहा कि आपके द्वारा किए गए रक्तदान से जरुरतमंद गंभीर बीमार लोगों की जान बचाई जा सकती है। जो कि उनके जीवन में संजवीनी का काम करती है। इस अवसर पर महापौर शंभू पासवान,
लाची फाउंडेशन के फाउंडर रोहित बिजल्वाण व उनकी टीम ने रक्तदान के क्षेत्र में निरंतर निस्वार्थ सेवा दे रहे रक्तवीरों को शॉल, प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।
रोहित बिजल्वाण ने कहा कि रक्तदान केवल रक्त देना नहीं है, बल्कि किसी अनजान को जीवनदान देने का महासंकल्प है। रक्त का कोई विकल्प नहीं है, यह केवल मानव शरीर में ही बनता है। ऐसे में हर रक्तदाता किसी जरूरतमंद के लिए जीवनदाता से कम नहीं है। निस्वार्थ भाव से किया गया एक यूनिट रक्तदान तीन जिंदगियों को बचा सकता है। उन्होंने
कार्यक्रम में उपस्थित सभी रक्तदाताओं, स्वयंसेवी संस्थाओं और युवाओं को हृदय से साधुवाद दिया। साथ ही समाज के सभी वर्गों से अपील की गई कि वह रक्तदान को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करें, जागरूकता बढ़ाएं और अधिक से अधिक युवाओं को इस पुनीत कार्य से जोड़ें।